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तप से होती है आत्मा निर्मल

मावली (नरेन्द्र त्रिपाठी)!जैन साध्वी महाश्रमणी रत्ना रमिला कंवर मारासा ने जैन स्थानक मावली में धर्मसभा संबोधित करते हुए कहा कि जीवन में तप (तपस्या) करना बहुत जरूरी हे, तप से हमारे मन की शुद्धि,जीवन में वृद्धि ,आत्मा हल्की होती हे,
साध्वी प्रवचन चंद्रिका सुशीला कंवर मारासा ने अंतग़ढ़ सूत्र का वाचन किया,उन्होंने दान के महत्व को बताया,
गोल्ड मेडलिस्ट साध्वी समीक्षा श्री ने धर्म सभा को संबोधित करते हुए कहा कि तपस्या के बिना जीवन अधूरा हे,तप आत्मा की खुराक है,तप हर व्यक्ति कर सकता हे,और अपना जीवन धन्य बना सकता है,सोने को आग में डालने पर निखार आता है वैसे ही आत्मा को पवित्र बनाने के लिए तप (तपस्या) करना ही होगा।
धर्म सभा में मावली जैन समाज के सैकड़ों पुरुष महिलाएं उपस्थित थी!

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